नव दधीचि गुरु तेग बहादुर हिंद की चादर

30.0035.00

आईएसबीएन 9789384563837
पृष्ठ संख्या 32

नव दधीचि गुरु तेग बहादुर हिंद की चादर
लेखक कृष्ण कुमार अस्थाना
इस पुस्तक के माध्यम से स्मरण कर रहे हैं गुरु तेग बहादुर जी का जिन्होंने अपना जीवन हस्ते हस्ते इसलिए बुझा दिया की उससे प्रकाश पाकर अगणित दीप जल सके और वे इतना प्रकाश मनखे रे काली माँ को टिकने का साहस ही ना बच्चन अन्याय अनाचार और अत्याचार के विरुद्ध शंकर फूंककर उन्होंने सुप्त समाज को जगाया लंबे संघर्ष के लिए उसका नेतृत्व किया और अवसर आया तब अपने स्वजनों के साथ पहले स्वयं का बलिदान देकर राह दिखाई आज की आवश्यकता है, इस बलिदान को खुली आंखो देखने की और इसका मूल्य पहचानने की उन्होंने जिंस पंजाब की नींव रखी गुरु अर्जुन देव और गुरु तेग बहादुर से सींचा और दशमेश गुरु गोविंद सिंह ने अपने सम्पूर्ण वंश को मिटाकर जहाँ जगे हिंदू सारा का स्वप्न देखा।
इस पुस्तिका में अनेक तथ्य गुरु तेग बहादुर पर लिखी पुस्तकों और अन्य उपलब्ध सिख साहित्य से एकत्रित किए गए हैं।

Category:
book-author

ISBN

9789384563837

Number Of Pages

32

Customer Reviews

There are no reviews yet.

Be the first to review “नव दधीचि गुरु तेग बहादुर हिंद की चादर”

Your email address will not be published. Required fields are marked *